Gaharāīyāṃ: Sāmājika upanyāsa

Front Cover
Sanmārga Prakāśana, 1970 - 228 pages
0 Reviews

From inside the book

What people are saying - Write a review

We haven't found any reviews in the usual places.

Contents

Section 1
Section 2
Section 3

16 other sections not shown

Common terms and phrases

अतुल ने अधिक अपना अपनी अपने अब आई आज आदमी आप आया इतना इस उन उस उसका उसकी उसके उसने उसी समय उसे एक ऐसा और कर करता करना करने कल्याणी कहते कहा का कि वह किन्तु किया किसी की ओर की बात कुछ के के लिये को कोई क्या गई गया है गयी गये घर जब जा जाता जाने जिस जी जीवन जैसे जो तक तभी तुम तुम्हारे तू तो था कि थी थे दिन दिया दे देख देखकर देखा देर दौलतराम धरती धरती ने धरती मां नकी नगर नहीं नारी पर परन्तु पास पिता प्रोफेसर फिर बनकर बना बाबू भी मंदाकिनी मत मन में माँ मुंह मुझे मेरे मैं मैंने यह यही यहीं रहे रुपया लगा लड़की लाला लिए लिया वह वहां विवाह वे व्यक्ति सकता सभी समाज सुनी से स्वयं हरीश ही हुआ हुई हुए हूँ है कि है है हैं हो गया होगा

Bibliographic information