Princely Historian: Commemoration Volume of Maharajkumar Dr. Raghubir Sinh

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Shri Natnagar Shodh-Samsthan, Sitamau, and Publication Scheme, 1994 - Historians - 554 pages
Contributed articles, memoirs, interviews, and tributes paid to Raghubir Sinh, 1908-1991, historian from Rajasthan by his contemporaries, associates; includes research papers on Indian history from the ancient to the modern times and a smapling of letters written to him.

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Contents

Life Sketch of Late Maharaj Kumar Dr Raghubir Sinh
1
Princely Historian
20
महाराजकुमार और राजस्थान का इतिहास
27
Copyright

12 other sections not shown

Common terms and phrases

अध्ययन अपनी अपने अब आज आदि आप इन इस इसी उत्तर उन उनका उनकी उनके उन्हें उन्होंने उस उसके उसे एक एवं ऐतिहासिक ओर और कर करते करने कहा का कार्य काल किया है किसी की कुछ के इतिहास के लिए के लिये के साथ को कोई क्या गई गया गये ग्रंथ जब जा जाता जी जीवन जो डॉ तक तथा तब तो था थी थे दिया दो द्वारा नहीं नाम ने पत्र पर पूर्व प्रकार प्रति प्राप्त बहुत बात बाद भारत भारतीय महाराजकुमार मालवा मुझे में भी मेरे मैं मैंने यह यहाँ या ये रघुबीरसिंह रहा रही रहे राजस्थान राज्य रूप में लिखा वह वहाँ वाले वे शैली शोध श्री संग्रह सन् सब समय साहब साहित्य सीतामऊ से हम हमारे हिन्दी ही हुआ हुई हुए हूँ है कि हैं हो होता होने British history India land Malwa Mughal revenue Singh State time

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